Aug 25, 2025, 23:28 ISTMadhya Pradesh

आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति से सामान्य प्रसव को दें बढ़ावा: उच्च शिक्षा मंत्री इन्दर सिंह परमार

आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति से सामान्य प्रसव को दें बढ़ावा: उच्च शिक्षा मंत्री इन्दर सिंह परमार

संवाददाता- सुमित कुमार

Bhopal: उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री श्री इन्दर सिंह परमार ने सोमवार को भोपाल स्थित पं. खुशीलाल शर्मा शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय एवं संस्थान में, प्रसूति तंत्र एवं स्त्री रोग विभाग के शिक्षकों के लिए 6 दिवसीय सीएमई (Continuing Medical Education) कार्यक्रम का शुभारम्भ किया।

आयुष मंत्री श्री परमार ने कहा कि यह 6 दिवसीय CME कार्यक्रम, आयुर्वेद शिक्षकों के लिए महत्वपूर्ण मंच है, जो पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ जोड़कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने की दिशा में एक सार्थक प्रयास है। श्री परमार ने आयुर्वेद शिक्षा को सशक्त बनाने और स्त्री स्वास्थ्य को बढ़ावा देने में प्रसूति तंत्र एवं स्त्री रोग विषय की महत्ता को रेखांकित किया। श्री परमार ने प्राचीन समय में महिलाओं द्वारा घरेलू कार्यों जैसे आटा पीसने, हाथ की चक्की चलाने आदि में शारीरिक श्रम करने से स्वस्थ रहने पर भी प्रकाश डाला। श्री परमार ने कहा कि पहले महिलाओं के शारीरिक श्रम करने से उनकी मांसपेशियां मजबूत रहती थी और प्रसव भी सामान्य होते थे। श्री परमार ने आयुर्वेद द्वारा सामान्य प्रसव को बढ़ावा देने की बात भी कही।

कार्यक्रम में देश के 8 राज्यों से 30 वरिष्ठ शिक्षक भाग ले रहे हैं। कार्यक्रम में देश के विभिन्न प्रांतों से आए 12 विषय विशेषज्ञ भी सहभागिता कर रहे हैं। सभी विषयविद् एवं शिक्षक आगामी 6 दिनों तक प्रसूति तंत्र एवं स्त्री रोग विषय के शैक्षणिक, नैदानिक एवं शिक्षण संबंधित पहलुओं पर गहन विचार विमर्श करेंगे। कार्यक्रम आयुष मंत्रालय भारत सरकार की आयुर्ज्ञान योजना के अंतर्गत राष्ट्रीय आयुर्वेद विद्यापीठ द्वारा समन्वित कार्यक्रम है।

इस अवसर पर अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान गोवा की डीन डॉ. सुजाता क़दम, एलएन महाविद्यालय एवं चिकित्सालय अमृतसर की एचओडी डॉ. जसपीर कौर एवं संस्थान के प्राचार्य डॉ. उमेश शुक्ला सहित संबंधित विभाग के शिक्षक एवं विषयविद् उपस्थित रहे।